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Utsavs – An Understanding
- To acquaint with our Guru Tradition and to know about Guru Omkar
- To reconnect with Ishwara and to remind ourselves and to remind that we are his work.
- To bring the focus of our youth to the Dynamics of our Motherland, Her great present strength and also Her destiny to guide the world.
- To spread the message of Swami Vivekananda amongst the public
- To focus on cultural traditions
- To pay homage to all those who laid their lives for the protection of our Motherland.
- To pay homage to the founder of Vivekananda Kendra, Mananeeya Eknathji Ranade
- The divine Bharat is destined to guide the world. So in this Ishwari Karya of National Resurgence Karyakarta is the chosen instrument. When the Karyakartas work with this Sadhanabhava it becomes their Sadhana.
- To nourish ourselves with the vision of our Rishis
- To popularize Gita’s study for purposeful life, for National Resurgence.
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| Letter on Gita Jayanti 2008 | 49.62 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2009 | 140.31 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2010 | 79.31 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2011 | 79.47 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2015 | 31.91 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2016 | 44.24 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2017 | 94.6 KB |
| Letter on Gita Jayanti 2018 | |
| Letter on Gita Jayanti 2019 | 426.9 KB |
- To bring the focus of our youth to the Dynamics of our Motherland, Her great present strength and also Her destiny to guide the world.
- To spread the message of Swami Vivekananda amongst the public
- To focus on cultural traditions.
- To pay homage to all those who laid their lives for the protection of our Motherland.
Recent Utsav
Ajmer
:विवेकानंद केंद्र ने मनाया साधना पर्व
19-Nov-2023
विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी की अजमेर शखा की ओर से रविवार को सुभाष उद्यान में साधना पर्व कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें कार्य पद्धति प्रमुख डॉ. स्वतंत्र शर्मा ने कहा कि साधना का अर्थ है- राष्ट्र के लिए निश्चित कार्य नियमित रूप से करना। उन्होंने कहा कि एकनाथजी का विचार था कि हमारे देश की समस्याओं का समाधान पूरे देश में सही विचारों का एक शक्तिशाली आंदोलन शुरू करने में निहित है। नगर प्रमुख भारत भार्गव ने बताया कि विवेकानंद केंद्र के संस्थापक एकनाथ रनाडे की जयंती को केंद्र साधना दिवस के रूप में मनाता है। इस अवसर पर अजमेर के विभिन्न क्षेत्रों में चल रहे केन्द्र के करीब 13 योग वर्गों के कार्यकर्ताओं ने भाग लिया तथा क्रीडा योग संगम किया। इस मौके पर अखिल भारतीय संयुक्त महासचिव निवेदिता भिड़े के साधना दिवस पत्रक का वाचक लक्ष्मी दीदी ने किया। नगर संचालक डॉ. श्याम भूतड़ा ने भी कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया। कार्यक्रम में रविंद्र जैन, श्याम वीर तोमर, सुलोचना, बीना तोमर आदि का सहयोग रहा।Read More
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Ajmer
:विश्व बंधुत्व दिवस सितम्बर माह विशेष
23-Sep-2023 | 400 Present
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वंदे मातरम विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा अजमेर राजकीय बालिका विद्यालय आदर्श नगर अजमेर विश्व बंधुत्व दिवस सितंबर माह विशेष को ध्यान में रखते हुए आज कार्यक्रम किया गया स्वामी विवेकानंद के शिकागो धर्म सभा में दिए गए व्याख्यान को सूक्ष्म भाव में बताया एवं भारत माता के प्रति स्वामी जी का असीम प्रेम और मैं भी भारत माता के लिए अपना कुछ सहयोग दूं ऐसी भावना बच्चों को दी गई कुल संख्या 400 की रही
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Ajmer
:देश और समाजसेवा में भूमिका निभाएं युवा
11-Sep-2023 | 55 Present
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स्वामी विवेकानंद के 11 सितंबर 1893 में शिकागो में दिए प्रथम उद्बोधन की स्मृति में संस्कार नर्सिंग कॉलेज, कोटड़ा में संगोष्ठी हुई। जिसमें विवेकानंद केंद्र के नगर प्रमुख भारत भार्गव ने स्वामी विवेकानंद की गौरव गाथा का परिचय देते हुए कहा कि वास्तव में संकुचित विचारधारा और कट्टरता जैसे पिशाचों ने हमारी सुंदर पृथ्वी को शिकंजे में कस रखा है। यदि यह पिशाच नहीं होते तो मानव समाज ने बहुत अधिक प्रगति की होती। भार्गव ने स्वामी विवेकानंद के वाक्य को दोहराते हुए कहा कि हमें अपना जीवन दूसरों के कार्य में लगाना चाहिए। दुखियों का दुख हल्का कर एवं शिक्षित समाज को जीवन संघर्ष में मार्गदर्शन करके उन्हें स्वावलंबी बनाने में मदद करके ही विश्व बंधुत्व के सपने को साकार कर सकते हैं। कॉलेज के प्राचार्य दिनेश पुरोहित ने युवाओं को देश और समाजसेवा में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। रविंद्र जैन ने बताया कि सितंबर माह में अजमेर के विभिन्न शिक्षण संस्थानों में स्वामी विवेकानंद के विश्व बंधुत्व के संदेश को लेकर कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। यहां मौखिक प्रश्नोत्तरी का आयोजन भी किया गया। सही जवाब देने वाले प्रतिभागियों को केन्द्र साहित्य देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में कमल किशोर वैष्णव, रक्षा पाराशर, मोनिका तिवारी एवं रामस्वरूप का विशेष सहयोग रहा।
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Udaipur
:गुरु पूर्णिमा
06-Jul-2023 to 06-Jul-2023 | 157 Present
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*विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा उदयपुर एवं विद्या भवन पॉलिटेक्निक कॉलेज राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के संयुक्त तत्वाधान में गुरु पूर्णिमा प्रतीक उत्सव मनाया गया।* जिसमें *मुनि श्री संबोध कुमार जी 'मेधांश'* का सानिध्य प्राप्त हुआ। *मुनि श्री ने कहा विद्यार्थियों से पूछा क्या आप जी रहे हैं, जीने के लिए स्वास लेते हैं, श्वास लेते समय सोचते हैं की आपका श्वास कब बाहर आ रहा है कब अंदर जा रहा है। यह एक स्वत: क्रिया है ,अतः जीवन में सभी को self-motivated स्व प्रेरित होना चाहिए। हमारा जीवन का एक मकसद होना चाहिए, जिसमें उन्होंने बताया की जहां से हम गुजरे वहां पर लोगों के मुख पर मुस्कान आ जाए ,चेहरे पर स्माइल बिखर जाए एसा हमारा व्यक्तित्व होना चाहिए। तनाव में आकर बहुत से विद्यार्थी नशे का सहारा ले लेते हैं ,और अपना जीवन व्यर्थ कर देते हैं। नशा करने से तनाव नहीं मिटेगा अपितु आप अपने स्वास्थ्य को खराब कर लेंगे, कैंसर जैसी बीमारी से ग्रसित भी हो सकते हैं। लॉ ऑफ अट्रैक्शन अर्थात जो भी सोच रहे हैं उससे आपको स्वयं को टकराना होगा अर्थात जैसे विचार आपके होगे वैसे ही विचार आपको दूसरों से भी मिलेंगे, अगर आप दूसरों के लिए बुरा सोचते हैं तो आपके लिए भी वह बुरा सोचेगा। स्वयं पर विश्वास रखें की जो भी काम है वह हम जरूर पूरा करेंगे, अपने पूरे सामर्थ्य से उसको करने का प्रयास करेंगे। डर का सामना करो।* आपकी वजह से आपके माता-पिता के आंखों में आंसू नहीं आने चाहिए। विवेकानंद केंद्र के संचालक श्री हिमांशु जी नागोरी ने मुनि श्री संबोध कुमार जी 'मेधांश' का परिचय करवाया। श्री संजीव जी भारद्वाज ने विवेकानंद केंद्र परिचय दिया, युवराज प्रजापत ने गुरु पर गीत गाया, डॉ. राजमल लखदार, श्री सुरेंद्र भंडारी जी, श्रीमती मंजू नागोरी, श्रीमती सीमा भंडारी, कलावती काबरा दीदी, साक्षी प्रजापत, ओम प्रकाश जी माली प्राचार्य अनिल मेहता , विद्या भवन सोसायटी के एग्जीक्यूटिव कमिटी के मेंबर श्रीमान दिलीप जी गलुण्डिया, श्री गोपालजी बम्ब, श्रीमती गलुण्डिया, एवं तेरापंथ जैन समाज के श्रावक गण, विद्या भवन पॉलिटेक्निक कॉलेज के समस्त स्टाफ मेंबर्स उपस्थित रहे। मंच संचालन रमेश चंद्र कुम्हार ने किया।
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Ajmer
:भारतीय चेतना विश्व के लिए कल्याणकारी
02-Jul-2023 | 80 Present
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स्वामी विवेकानंद ने अपने चरित्र एवं आचरण से यह सिद्ध कर दिया कि विशुद्ध भारतीय चेतना ही संपूर्ण विश्व के लिए कल्याणकारी हो. सकती है। यह बात चोटी योग संस्थान की स्वामी अनादि सरस्वती ने विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा अजमेर द्वारा मन्ना हवेली में आयोजित गुरु पूर्णिमा कार्यक्रम मेंकहे। शीतल बेन ने गुरु पूर्णिमा को भारतीय संस्कृति के आचरण का अवसर बताया। इससे पूर्व क्रीडा योग के तहत अंकुर प्रजापति ने साधकों को योग खेल खिलाए। रविंद्र जैन के निर्देशन में भजन संध्या का आयोजन हुआ। इस अवसर पर नगर संचालक डॉ. श्याम भूतड़ा, के के गौड़, बी के चौहान सहित अन्य मौजूद रहे।
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Udaipur
:विवेकानंद जयंती
12-Jan-2023 | 285 Present
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विवेकानंद जयंती पर कार्यक्रम विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा उदयपुर द्वारा आज दिनांक 12 जनवरी को गीतांजलि इंस्टिट्यूट ऑफ़ इंजीनियरिंग में व्याख्यान रखा गया। प्रोफेसर एन एस राठौड़ ने राष्ट्रीय युवा दिवस की उपयोगिता पर विद्यार्थियों को संदेश दीया । तत्पश्चात मुख्य वक्ता डॉ पुखराज सुखलेचा ने आज के परिपेक्ष में राष्ट्रीय समस्याओं को देखते हुए स्वामी विवेकानंद जी के विचारों की प्रासंगिकता पर विचार रखें। इसी कार्यक्रम में महाविद्यालय की एक छात्रा ने स्वामी जी की जीवनी पर एवं एक अन्य छात्रा ने रामकृष्ण मिशन की गतिविधियों के बारे में अपने विचार रखे।विवेकानंद केंद्र के संपर्क प्रमुख रमेश चंद्र कुम्हार ने "जिनके ओजस्वी वचनों से गूंज उठा था विश्व गगन" गीत प्रस्तुत किया।शाम को वनवासी कल्याण आश्रम के छात्रावास में विवेकानंद जयंती मनाई गई इसमें छात्रावास विद्यार्थियों ने विवेकानंद जी के जीवन पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया एवं अपने विचार रखें। इस कार्यक्रम में डॉ राजमल लखदार , डॉ कमल सिहं राठौड़, सेवानिवृत्त निवृत्त न्यायधीश श्री हिमांशु राय जी नागोरी, श्री गिरिधर गोपाल जी, श्री ओम प्रकाश जी माली उपस्थित रहे।
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Udaipur
:साधना दिवस
19-Nov-2022
*साधना दिवस कार्यक्रम*
विवेकानंद केंद्र एक
अध्यात्मिक प्रेरित सेवा संगठन है। विवेकानंद केंद्र के संस्थापक माननीय एकनाथ रानाडे की जयंती समारोह जिसे साधना दिवस के रूप मे मनाया जाता है,उदयपुर के कार्यकर्ताओं ने आज दि 19 नवंबर को मनाया । साधना दिवस पर माननीय एकनाथ जी के जीवन परिचय डॉ पुखराज सकलेचा विभाग संचालक उदयपुर ने दिया। श्री हिमांशु राय जी नागोरी ने निवेदिता दीदी का साधना दिवस पर पत्र वाचन किया , माननीय निवेदिता दीदी का साधना का आशय, सेवा पूर्ण समर्पण के साथ सभी की भलाई का काम है ,ऐसी सेवा परमात्मा के काम का साधन है और ये सेवा ही साधना है।Read More
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Udaipur
:विश्व बंधुत्व दिवस
13-Sep-2022 | 85 Present
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विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी विभाग उदयपुर द्वारा *विश्व बंधुत्व दिवस* के उपलक्ष में आज दिनांक 13 सितंबर 2022 को *अलख नयन मंदिर* में *स्वामी जी के जीवन पर व्याख्यान रखा गया। *मुख्य वक्ता स्वामी श्री दीपक जी पुरोहित* थे। *कुल संख्या :- 85* रही।
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Banswara
:प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन
13-Sep-2022 to 13-Sep-2022 | 200 Present
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विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी के महासचिव माननीय भानुदास जी के दो दिवसीय प्रवास के अंतर्गत प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन का आयोजन किया गया जिसमें श्रोताओं की संख्या 200 से अधिक थी और इस प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन में बांसवाड़ा महारावल आदरणीय श्री जगमाल सिंह जी तथा राम द्वारा के महंत संत श्री राम प्रकाश जी महाराज का सानिध्य प्राप्त हुआ।
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Udaipur
:विश्व बंधुत्व दिवस
12-Sep-2022 | 400 Present
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*विश्व बंधुत्व दिवस* के उपलक्ष में आज दिनांक 12 सितंबर 2022 को भोपाल नोबल पब्लिक स्कूल में *स्वामी जी की शिकागो यात्रा पर व्याख्यान* रखा गया। *मुख्य वक्ता स्वामी श्री दीपक जी पुरोहित* थे। भोपाल नोबल्स फार्मेसी विभागाध्यक्ष *डॉ कमल सिंह राठौड़ एवं भोपाल नोबल पब्लिक स्कूल के स्टाफ उपस्थित रहे।* *कुल संख्या :- 400*
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Udaipur
:विश्व बंधुत्व दिवस
11-Sep-2022
Bhilwara
:विश्व बंधुत्व दिवस
11-Sep-2022 | 145 Present
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*विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा भीलवाडा द्वारा 4 स्थानों पर विश्व बंधुत्व दिवस के कार्यक्रम हुए। संगम कॉलेज ,एम. एल.वी.टी.कॉलेज, गवर्मेंट कॉलेज बनेड़ा,केंद्र कार्यालय जिसकी कुल उपस्थिति 145 रही।एम. एल.वी.टी.कॉलेज में श्याम राठौड़ जी,संगम कॉलेज में भूपेंद्र जी जोशी और गवर्मेंट कॉलेज बनेड़ा में दिनेश जी व्यास का उद्बोधन रहा। उद्बोधन में स्वामीजी के शिकागो वक्तव्य और युवाओं से उनकी अपेक्षा की बाते की गई।और युवाओं को केंद्र की गतिविधियों से जुड़ने का आह्वान किया गया।
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BEAWAR
:विश्वबंधुत्व दिवस
11-Sep-2022 to 11-Sep-2022 | 95 Present
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”हिन्दू धर्म के हैं पाँच सामान्य आधार हैं -अरुण कुमार शर्मा ” स्वामी विवेकानंद द्वारा शिकागो की विश्वधर्म सभा मे दिये उनके प्रथम उदबोधन की स्मृति में रीको द्वितीय स्थित विवेकानंद केन्द्र की स्थानीय शाखा कार्यालय पर "विश्वबंधुत्व दिवस” समारोह का आयोजन हुआ। समारोह में मुख्य वक्ता श्री अरुण कुमार शर्मा ने स्वामी विवेकानंद द्वारा 19 सितम्बर 1893 को शिकागो के धर्म सभा मे हिन्दू धर्म विषय पर दिए उनके दूसरे उदबोधन के महत्वपूर्ण बिदुओं पर प्रकाश डालते हुए वह पांच बिन्दू बताए जो कि हिंदू धर्म के आधार हैं। पहला धर्म का आधार वेद हैं जो कि ऋषियों की आप्त वाणी है, दूसरा आस्तिकता, तीसरा अनादि अनन्त सत्ता पर अखण्ड विश्वास, चौथा शरीर और मन से परे आत्मा अजर अमर है और पांचवा ईश्वर की खोज और उसकी प्राप्ति ही जीवन का अंतिम लक्ष्य है। उन्होंने बताया कि ”धार्यति इति धर्म:” अर्थात जो धारण किया जाय वही धर्म है और जबसे मानव इस सृष्टि पर है तब ही से यह धर्म है। कार्यक्रम में मंचासीन केन्द्र शाखा के सह नगर संचालक अभिमन्यु जी गहलोत और अथिति वक्ता श्री अरुण कुमार शर्मा का परिचय नगर प्रमुख घनश्याम तँवर ने दिया तथा विवेकानंद केन्द्र का परिचय सह विभाग प्रमुख यादवराज कुमावत ने प्रस्तुत किया। प्रान्त सम्पर्क प्रमुख अशोक खंडेलवाल ने बताया कि केन्द्र स्थापना के 50 वर्ष पूर्ण होने पर राजस्थान में एक विवेक संदेश यात्रा निकाली जाएगी जो कि केन्द्र संस्थापक एकनाथ जी रानडे के जन्मदिन 19 नवम्बर को खेतड़ी से प्रारम्भ होकर राजस्थान के सभी जिलों में भृमण के केन्द्र स्थापना दिवस 7 जनवरी को समापन किया जाएगा। मंच संचालन कपिल खंडेलवाल और प्रशान्त पाबूवाल ने किया। कार्यक्रम में लघुउद्योग भरती के विजय मेहता, अजय खंडेलवाल ,भारत स्वाभिमान पतंजलि योग समिति के भारतेंदु श्रीमाली एवं अन्य सदस्य,भारत विकास परिषद के पदाधिकारियों की उपस्थिति रही।
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Ajmer
:मनुष्य का पूजन ही देव अर्चना है-हनुमंत राव
11-Sep-2022 | 115 Present
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मानव सेवा ही माधव सेवा है। मनुष्यता की सेवार्थ मनुष्यमात्र का पूजन ही देव अर्चना है। विश्वात्मा का देवत्व मनुष्य के रूप में प्रकट हुआ है। मानवीय संबंधों में आध्यात्मिकता को प्रतिष्ठित करना ही मनुष्य का धर्म है। सफलता का मापदण्ड भौतिक उत्थान न होकर बिखरी हुई आध्यात्मिक शक्तियों का एकत्रीकरण है और यही संगठनात्मक व्यवहार हमें पुनः विश्वगुरू के पद पर प्रतिष्ठित कर सकता है। स्वामी विवेकानन्द ने भारत की भूली हुई शक्तियों को पुर्नप्रतिष्ठित करने के लिए धर्म की रक्षा के साथ धर्मी की रक्षा का भी आह्वान किया और यह भी धर्म की सेवा का ही एक स्वरूप बताया। उक्त विचार विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हनुमंत राव ने विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी की अजमेर शाखा द्वारा आयोजित विश्वबंधुत्व समारोह के अवसर पर अग्रवाल स्कूल में व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि भारत की अज्ञानता को स्वयं पर विश्वास रखते हुए ही दूर किया जा सकता है जिसके लिए हमें भारत की आत्मा का अवलोकन करना होगा। भारत की आत्मा धर्म प्रधान है। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए अजमेर विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक नरेन्द्र सिंह निर्वाण ने कहा कि अमेरिका में प्रथम संबोधन के द्वारा ही स्वामी विवेकानन्द ने पूरे विश्व पर भारत के वेदान्त की छाप छोड़ी थी। इस अवसर पर दीक्षा सेन ने स्वामी विवेकानंद की भूमिका में ११ सितम्बर का भाषण पढ़ा नगर प्रमुख श्री भारत भार्गव ने बताया कि इस अवसर पर मृणालिनी देसाई द्वारा लिखित पुस्तक तथा डॉ. वासंती साळवेकर द्वारा अनुवादित उपनिषदों के ज्ञान के मोती के सैट का विमोचन किया गया। इस अवसर पर अजमेर दक्षिण विधायक श्रीमती अनिता भदेल, विश्वविद्यालय छात्र संघ अध्यक्ष श्री महिपाल गोदारा, प्रान्त साहित्य सेवा प्रमुख उमेश चौरसिया, प्रान्त सह प्रमुख श्री अविनाश शर्मा, प्रान्त संघटक सुश्री प्रांजलि येरीकर, विश्वविद्यालय के पूर्व डीन छात्र कल्याण प्रो0 प्रवीण माथुर, यूजीसी चेयर प्रोफेसर नरेश कुमार धीमान, योग विभाग के डॉ. लारा शर्मा, डीन शिक्षा प्रो. नागेन्द्र सिंह, श्री बसंत विजयवर्गीय, श्री सुनील दत्त जैन, विद्या भारती के मंत्री श्री वीरेन्द्र शर्मा, श्री सोम रत्न आर्य सहित शहर के कई गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन विवेकानंद विस्तार युवा प्रमुख लक्ष्मी चौहान ने किया। कार्यक्रम में युवा प्रमुख अंकुर प्रजापति, विभाग संपर्क प्रमुख श्री रविन्द्र जैन, विभाग प्रमुख अशोक डाणी, विस्तार कार्यपद्धति प्रमुख मीनाक्षी जांगिड़, विवेकानंद विस्तार संचालक श्री जौहरी लाल लवास, विस्तार सह संचालक श्री तेज सिंह, कार्यालय प्रमुख श्री गणपत सिंह, साहित्य सेवा प्रमुख श्री श्यामवीर सिंह आदि का सहयोग रहा।
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Udaipur
:विश्व बंधुत्व दिवस
10-Sep-2022 | 115 Present
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*विश्व बंधुत्व दिवस पर विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी विभाग उदयपुर द्वारा विद्या भवन पॉलिटेक्निक कॉलेज में व्याख्यान मुख्य वक्ता श्री दीपक जी पुरोहित( स्वामी विवेकानन्द से प्रेरित परिवारजक साधु)* कुल संख्या 115 रही।
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Udaipur
:Guru poornima
13-Jul-2022 to 13-Jul-2022
*विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी विभाग उदयपुर*
आज दिनांक 13 जुलाई 2022 को गुरु पूर्णिमा उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर *मुख्य वक्ता* *डॉ रचना तेलंग (सेवानिवृत्त प्राचार्य उच्च माध्यमिक विद्यालय राजसमंद* ) डॉ तेलंग ने गुरु शिष्य परंपरा जो कि आदिकाल से चली आ रही है उस पर प्रकाश डाला एवं गुरु वेद व्यास के द्वारा वेदों की रचना की गई यह बताया गया गुरु वेद व्यास की जयंती के रूप में भी इस उत्सव को मनाया जाता है। उत्सव में विद्यालय एवं महाविद्यालय के गुरुजनो का सम्मान किया गया।
*वर्तमान समय में गुरु की महत्ता पर चर्चा* की गई सभी गुरुजनों ने अपने अपने विचार व्यक्त किए। उत्सव के प्रारंभ में *आदरणीय डॉ पुखराज सखलेचा ने केंद्र परिचय एवं गुरु पूर्णिमा पर केंद्र से प्राप्त पत्रक माननीय निवेदिता दीदी द्वारा लिखित का वाचन किया और सभी का स्वागत किया।* सभी गुरुजनों का सम्मान उदयपुर के वरिष्ठ *हमारे मार्गदर्शक आदरणीय जमना लाल जी सुवालका के हाथों से श्रीफल एवं स्वामी विवेकानंद की पुस्तक भेंट स्वरूप प्रदान की गई ।* उत्सव में केंद्र के कार्यकर्ता श्री हिमांशु राय जी नागोरी, श्रीमति नागौरी, डॉ लखदार, श्रीमती लखदार, श्री सुरेंद्र भंडारी जी, यशोदा जी साक्षी, युवराज उपस्थित रहे।Read More
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Beawar
:गुरु पूर्णिमा
13-Jul-2022 to 13-Jul-2022
*ओमकार उपासना से जागृत कीजिए आत्मगुरु को*
विवेकानंद केन्द्र कन्याकुमारी की ब्यावर शाखा के रीको द्वितीय स्थित कार्यालय पर मनाये गये गुरुपूर्णिमा उत्सव में केन्द्र की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आदरणीय निवेदिता दीदी के पत्र के मुख्य अंश का पठन करते हुए जगदीश प्रसाद जी कुमावत ने बताया कि योगशास्त्र कहता है कि -"तस्य वाचक प्रणवः" -अर्थात ॐ ईश्वर की अभिव्यक्ति है। ॐ ईश्वर है, हम सबके लिए प्रेरणा का शास्वत स्त्रोत है।ओमकार हमारा आत्मस्वरूप है। विवेकानंद केन्द्र में ॐ को ही गुरु माना गया है, ओमकार से प्रार्थना का तात्पर्य है कि अपने आत्मस्वरूप को जाग्रत करना जैसे दत्तात्रेय ने किया था। दत्तात्रेय ने प्रकृति तथा अपने आस पास के लोगों का अवलोकन कर ज्ञान प्राप्त किया, अतः कोई आदर्श हो न हो हम सब से सीख सकते हैं। सर्वव्यापी ईश्वर हमें मार्गदर्शन कर रहें हैं आवश्यकता है कि हमारा मन, विवेकबुद्धि और ग्रहणशीलता से काम करें।
श्री अभिमन्यु जी गहलोत ने अपने उदबोधन में वेदों की ऋचाओं का उल्लेख करते हुए गुरु शिष्य परम्परा की महत्वता को बताया और उपवेदों के अंतर्गत आने वाली विभिन्न विधाओं को किस तरह विभिन्न जातियों में पिता- पुत्र के माध्यम से वंशानुगत रूप से अक्षुण्ण रखा पर भी प्रकाश डाला।
भजनों की प्रस्तुतियों एवं प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में राधावल्लभ जी माहेश्वरी, सुभाष चंद्र जी शर्मा, राजेन्द्र जी मित्तल, मुकेश ही पाण्डे, मंजीत सिंह हुड्डा, दुष्यंत जी त्रिपाठी , भैरुलालजी गिन्डोडिया सहित कुल 47 प्रबुद्ध जन की उपस्थिति रही।Read More
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Jaipur
:गुरु पूर्णिमा उत्सव
13-Jul-2022 to 13-Jul-2022
1:- श्री राम पार्क, शांति नगर, दुर्गापुरा जयपुर में योग वर्ग में गुरु पूर्णिमा उत्सव का आयोजन किया गया। जिसमें श्री विनोद शास्त्री जी ने गुरु महिमा के बारे में बताया। श्री गिरीश सोनी जी ने माननीय निवेदिता दीदी के पत्र का वाचन किया व इस पर चर्चा हुई। प्रांत संगठक सुश्री प्रांजली दीदी का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। इस कार्यक्रम में उपस्थिति 18 रही ।
2:- जय निवास उद्यान, गोविंद देव जी के मंदिर के पीछे ,जयपुर में योग वर्ग में गुरु पूर्णिमा का उत्सव मनाया गया। जिसमें गुरु भजन के साथ निवेदिता दीदी के पत्र का वाचन हुआ। इस कार्यक्रम में उपस्थिति 9 रही ।
3:- विवेकानन्द केन्द्र कार्यालय पर सायंकाल 7:00 से 8:00 तक गुरु पूर्णिमा उत्सव मनाया गया। श्री कैलाश चंद गुप्ता जी ने मंच संचालन किया। विभाग प्रमुख श्री ओम प्रकाश गुप्ता जी ने गुरु महिमा के बारे में विस्तार से बताया। सुश्री प्रांजली दीदी एवं नगर प्रमुख श्री चेतन प्रकाश गोयल जी के साथ सभी ने भजन संध्या का आनंद लिया। श्री गिरीश सोनी जी ने माननीय निवेदिता दीदी के पत्र का वाचन किया एवं इस पर उपस्थित लोगों के साथ चर्चा भी की गयी। जिसमें मुख्य रुप से संपर्क प्रमुख श्री दिनेश मिश्रा जी, प्रांत संचालक डॉ शीला राय, श्री कैलाश चंद गुप्ता एवं श्री अर्चित मिश्रा ने अपने विचार रखे। सामूहिक भजन संध्या एवं केंद्र प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। अंत में सभी लोगों को फल प्रसादी का वितरण हुआ। इस कार्यक्रम में उपस्थिति 23 रही।
इस अवसर पर राजस्थान प्रांत के नवीन कार्यालय भवन पर लिफ्ट का शुभारंभ विभाग संचालक श्री सीताराम सेठी एवं नगर संचालक श्री रतन कुमार जी अग्रवाल, वरिष्ठ अधिवक्ता राजस्थान उच्च न्यायालय ने किया। लिफ्ट श्री रतन कुमार अग्रवाल, जयपुर नगर संचालक ने राजस्थान प्रांत कार्यालय में लगवाकर समर्पित की।Read More
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Ajmer
:ओंकार उपासना से लक्ष्य प्राप्ति संभव- विवेकानन्द केन्द्र
12-Jul-2022
विवेकानन्द केन्द्र मनुष्य निर्माण का ईश्वरीय कार्य गुरू ओंकार की उपासना करते हुए कर रहा है। वास्तविक रूप में जब हम ओंकार को गुरु के रूप में प्रणाम करते हैं तब अपनी संस्कृति के सारे गुरुओं को प्रणाम कर रहे होते हैं। आज के बदले हुए समय में भारतीय संस्कृति के संरक्षण हेतु कार्य करते हुए ऐसी व्यवस्था खड़ी किए जाने की आवश्यकता है जो स्वयंचलित हो स्वयंपोषित हो और स्वयंप्रेरणा से ध्येय की ओर अग्रेसर हो सके। हमें टीम आधारित कार्य करना होगा। उक्त विचार विवेकानन्द केन्द्र के सह प्रांत प्रमुख अविनाश शर्मा ने विवेकानन्द केन्द्र द्वारा आयोजित गुरूपूर्णिमा उत्सव के दौरान व्यक्त किए।
उन्होंने बताया कि ओंकार उपासना से लक्ष्य प्राप्ति संभव है और यह लक्ष्य है मनुष्य निर्माण करते हुए भारत का पुनरुत्थान। ओंकार को उपनिषदों में धनुष मानकर आत्मा को उस धनुष पर चढ़ाया हुआ वाण माना जाता है। परमतत्व ब्रह्म को उस वाण का लक्ष्य माना जाता है। उन्होंने बताया कि यह ब्रिटिश शासन से भारत की स्वतंत्रता का ७५वा वर्ष तथा विवेकानन्द केन्द्र का ५०वा वर्ष है। इस अवसर पर विवेकानन्द केन्द्र नियोजन करते हुए पूरी शक्ति जुटाकर काम कर रहा है। आज आवश्यकता इस बात की है कि भारत के युवाओं में छिपे हुए किन्तु सदैव विद्यमान आत्मत्याग और देशप्रेम की भावना को जागृत किया जाए तथा देशसेवा हेतु एक अच्छा कार्यकर्ता बनने के लिए लगातार अनावश्यक बातें दूर करते हुए योग, स्वाध्याय एवं संस्कार के माध्यम से राष्ट्र के लिए कार्य को तत्पर हुआ जाए। इसी से भारत विश्वगुरू बन सकेगा।
नगर प्रमुख भारत भार्गव ने बताया कि गुरूपूर्णिमा के अवसर पर भजन संध्या का आयोजन भी हुआ जिसमें मोहे लागी लगन गुरू चरणन की डॉ0 स्वतन्त्र शर्मा ने, सुखकर्ता दुखहर्ता जितेन्द्र गहलोत ने, आत्मारामा आनन्दरमणा कैलाश शर्मा ने, अंकुर प्रजापति ने राजाराम सीता राम भजो रे भजो रे, यामिनी गुप्ता ने श्रीनारायण जय नारायण, लक्ष्मी चौहान ने केशव माधव हरि बोल, मयूर गहलोत एवं रविन्द्र जैन ने भी भजन प्रस्तुत किए। गुरूपूर्णिमा पत्र का वाचन श्वेता गुप्ता ने किया। प्रशाद वितरण के उपरांत कार्यक्रम का समापन हुआ। इस अवसर पर विवेकानन्द केन्द्र राजस्थान के साहित्य प्रमुख उमेश चौरसिया, विभाग प्रमुख अशोक डाणी, सह नगर प्रमुख बीना रानी, जौहरी लाल लवास सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।Read More
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Jodhpur
:गुरुजन सम्मान समारोह
10-Jul-2022 | 130 Present
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शिक्षा का आधार प्रेम हो और अपने विद्यार्थियों को राष्ट्र से प्रेम करने की शिक्षा प्रदान करना यह शिक्षक का सर्वोत्तम ज्ञान दान होगा। यह विचार विवेकानन्द केंद्र जोधपुर द्वारा आयोजित "गुरुजन सम्मान समारोह" के मुख्य वक्ता स्वामी समानन्द गिरिजी, संवित गंगायन प्रन्यास कनखल हरिद्वार, ने व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने उनकी प्रिय शिष्या भगिनी निवेदिता को – ‘भारत से प्रेम करो’ यही शिक्षा दी। यह जानकारी विवेकानंद केंद्र के नगर प्रमुख और कार्यक्रम के संचालक डॉ अमित व्यास ने दी। कार्यक्रम के अध्यक्ष डॉ राम गोयल, कमला नगर अस्पताल, ने सम्मानित शिक्षकों का अभिनंदन करते हुए शिक्षा को वर्तमान व्यावसायिक स्वरूप से मुक्त कर परंपरागत सेवा भाव की ओर ले जाने का आवाहन किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रो. महेंद्र शर्मा, प्राचार्य आयुर्वेद शिक्षा और शोध संस्थान जोधपुर और विशिष्ट अतिथि डॉ. दशरथ सोलंकी, वित्तीय सलाहकार एम बी एम विश्वविद्यालय, ने भी सम्मानित शिक्षकों को संबोधित किया। विवेकानंद केंद्र के विभाग संचालक चंद्रप्रकाश अरोरा भी मंचासीन थे। समारोह में जोधपुर के शिक्षण संस्थानों से चयनित 21 गुरुजनों को सम्मान पत्र एवं साहित्य भेंट कर उनके द्वारा की जा रही सार्थक समर्पित प्रेरक शिक्षा सेवा का संज्ञान लेते हुए ‘गुरुजन सम्मान’ से विभूषित किया गया। सम्मानित गुरुजन – डॉ अविनाश बोहरा, डॉ दुर्गा सोनी, डॉ शोभा बोहरा, डॉ हरीश व्यास, आशा सिंह खींची, डिम्पल गुप्ता, डिम्पल पुरोहित, देवी बिजानी, नीलम कपूर, मानसी कपूर, रचना माथुर, शीतल भाटी, सुमन चौधरी, हेमलता पुरोहित, गिरिराज व्यास, रमेश शर्मा, रोहित अरोरा, रोहित शर्मा और विजय कल्ला। पंडित नवरतन अग्निहोत्री और गिरीश माथुर को उनके अतिविशिष्ट सेवा हेतु विशेष सम्मानित किया गया। विवेकानंद केंद्र का परिचय जीवनव्रती दीपक खैरे और धन्यवाद ज्ञापन विभाग प्रमुख प्रेम रतन सोतवाल ने किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में केंद्र कार्यकर्ता महेश बोहरा, श्याम मालवीय, पंकज व्यास, गजेश भूतड़ा , विनित कपूर, जुगल किशोर अग्रवाल, प्रदीप माथुर, गौरव शर्मा, मेहुल अरोरा, रवि गुप्ता, राज भूतड़ा, प्रिया अग्रवाल, अमित बोहरा, आयुषी भूतड़ा, अनमोल शर्मा, भगवान पँवार, मनीष, भरत, मनीष चौहान,केशव, गणेश, लिछाराम,कामिनी अरोड़ा, आकांक्षा कल्ला, दिव्याशा लिम्बा, अनुराधा दीदी, प्रकाश भाटी,अंबालालजी, ललित का विशेष सहयोग रहा।
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:18 स्थानों पर 1585 लोगों के साथ मनाया योग महोत्सव
21-Jun-2022 | 1585 Present
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विवेकानन्द केन्द्र ने अपने चारों विस्तारों में मनाया योग महोत्सव| विवेकानन्द केन्द्र द्वारा अजमेर नगर में अपने चारों विस्तारों में योगदिवस के कार्यक्रमों का आयोजन किया। रामकृष्ण विस्तार में इण्डियन इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टेड अकाण्टेण्ट्स में नगर संचालक डॉ0 श्याम भूतड़ा, उमेश कुमार चौरसिया, अनिता गुप्ता ने अभ्यास कराया।वीर हकीकतराय उद्यान में महावीर इण्टरनेशनल के सहयोग से प्रांत सहप्रमुख अविनाश शर्मा द्वारा योगाभ्यास कराया गया।अटल उद्यान पुलिस लाईन में कुशल उपाध्याय एवं शशांक बजाज ने सहयोग किया वही ंशिवाजी पार्क में दिनेश नुवाल एवं वीर उद्यान वैशाली नगर में डॉ. अशोक मित्तल ने अभ्यास कराया। विवेकानन्द विस्तार में मुख्य आयोजन टोरण्टो पैलेस में हुआ जिसमें यामिनी गुप्ता व लक्ष्मी चौहान ने अभ्यास कराया।राजा कोठी बालिका विद्यालय एवं डीएवी शताब्दी स्कूल मे ंअंकुर प्रजापति, रेल उद्यान में मीनाक्षी जांगिड़ एवं योगेश, श्री जी वाटिका मे नाथूलाल जैन, रेल सुपरवाइजर ट्रेनिंग हॉस्टल में व्यवस्था प्रमुख महेश शर्मा, केण्टोनमेण्ट बोर्ड में चिराग जैन ने अभ्यास कराया।दाहरसेन विस्तार में क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान में डॉ. स्वतन्त्र शर्मा, लघु जिला उद्योग संघ में रविन्द्र जैन ने अभ्यास कराया वहीं पृथ्वीराज विस्तार में बीजीय मसाला अनुसंधान केन्द्र में विनीत जैन तथा फूड कॉरपोरेशन ऑफ इण्डिया में शैफाली सांखला द्वारा अभ्यास कराया गया।नगर प्रमुख भारत भार्गव के अनुसार विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी शाखा अजमेर द्वारा कुल 18 स्थानों पर स्वयं के योग वर्गों एवं अन्य संगठनों के साथ सहयोग करते हुए योग महोत्सव मनाया गया जिसमें 1585 व्यक्ति सम्मिलित हुए।
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:मस्तिष्क को ऊर्जावान बनाता है विवेकानन्द साहित्य- उमेश चौरसिया
27-Jan-2022
साहित्य हमारी कल्पनाशीलता, संवेदना और चिंतन की क्षमता को बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। प्रतिदिन स्वामी विवेकानन्द का मात्र एक विचार पढ़ लेने मात्र से व्यक्तित्व में आमूलचूल परिवर्तन आना निश्चित है। विवेकानन्द केन्द्र स्वामी विवेकानन्द के विचारों को योग, स्वाध्याय एवं संस्कार के द्वारा तथा सतसाहित्य के प्रचार प्रसार से आगे बढ़ाने का कार्य निरंतर कर रहा है। उक्त विचार साहित्यकार एवं रंगकर्मी उमेश कुमार चौरसिया ने विवेकानंद केंद्र अजमेर की ओर से केंद्र साहित्य पर लगाई गई स्टॉल के उद्घाटन के अवसर पर व्यक्त किए। इस अवसर पर प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य निकाय प्रकोष्ठ के धर्मेंद्र शर्मा ने कहा कि साहित्य पढ़कर हम अपने जीवन के उच्चतम स्तर पर पहुंच सकते हैं उन्होंने कहा कि युवाओं को स्वामी विवेकानंद जी का जीवन और संदेश जैसी पुस्तकें अवश्य पढ़नी चाहिए और उससे प्रेरणा लेनी चाहिए। इस अवसर पर अजमेर स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट डायरेक्टर अविनाश शर्मा भी उपस्थित थे। विवेकानंद केंद्र अजमेर द्वारा आजादी का अमृत महोत्सव के तहत विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, जिसके तहत 26 जनवरी, 22 को आनासागर चौपाटी पर 75 विषयों से संबंधित पुस्तकों की स्टॉल लगाई गई जिसमें प्रणाम, ध्यान, योग, जीवन में सफलता के मंत्र, स्वामी विवेकानंद का जीवन और संदेश, बच्चों के स्वामी जी, कर्मयोग आदि पुस्तकों के प्रति लोगों का विशेष रुझान देखने को मिला। विवेकानंद केंद्र अजमेर द्वारा स्टॉल पर लोगों को केंद्र भारती का निशुल्क वितरण भी किया गया।
केंद्र साहित्य स्टॉल पर डॉ0 स्वतंत्र कुमार शर्मा, कुसुम गौतम रविंद्र जैन, नितिन गोयल, अंकुर प्रजापति, बीना रानी का विशेष सहयोग रहा।Read More
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:एकनाथ रनाडे जयंती समारोह पर साधना दिवस पर एकता दौड़ का आयोजन
21-Nov-2021
एकनाथ रनाडे जयंती समारोह पर साधना दिवस कार्यक्रम आयोजित अजमेर दिनांक 21 नवंबर 2021 अध्यात्मिक प्रेरित सेवा संगठन विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी की स्थानीय शाखा, अजमेर द्वारा विवेकानंद केंद्र के संस्थापक माननीय एकनाथ रनाडे की जयंती समारोह पर अजमेर के कार्यकर्ताओं के लिए साधना पर्व कार्यक्रम का आयोजन नई चौपाटी मित्तल हॉस्पिटल के सामने किया गया पर्व का आरंभ कार्यकर्ताओं द्वारा एकता दौड़ से किया गया। साधना दिवस विषय प्रवर्तन पर बोलते हुए अजमेर नगर संचालक डॉ श्याम भूतड़ा ने कहा कि साधना दिवस एक ऐसा दिन है जब हम पुनः अपने आप को शरीर - मन से संबंधित क्षुद्र 'मैं ' से ऊपर 'आत्मा' की ओर ले जाते हैं जो सभी में विद्यमान हैं और इस प्रकार यह सभी के कल्याण के लिए है। डॉ भूतड़ा ने अखिल भारतीय संयुक्त महासचिव माननीय निवेदिता भिड़े का कार्यकर्ताओं के नाम संदेश को सुनाते हुए कहा कि जब हम स्वराज के 75 वर्ष का उत्सव मनाने के लिए स्वयं को तैयार कर रहे हैं तो क्या हमारे कान इतने संवेदनशील हैं कि स्वार्थ की आवाज या जीवन के आनंद के आकर्षण के ऊपर इन लाखों नायकों की आवाज सुन सके? क्या हमारा ह्रदय उनकी आशाओं और आकांक्षाओं को अनुभव करने और तदनुसार कार्रवाई कर इसका उत्तर देने के लिए तैयार है? क्या हम मोबाइल, इंटरनेट, उपभोक्तावादी सामान और तथाकथित कैरियर के लालच से छुटकारा पा सकते हैं और अपने जीवन के कम से कम 1 वर्ष के लिए सेवा और समर्पण के जीवन का आनंद ले सकते। साधना पर्व पर कार्यकर्ताओं को मार्गदर्शन देते हुए दिनेश नवाल ने कहा कि सेवा पूर्ण समर्पण के साथ सभी की भलाई का काम है ऐसी सेवा परमात्मा के काम का साधन है और ये सेवा ही साधना है। नगर प्रमुख भारत भार्गव ने बताया कि कार्यक्रम आयोजन में विभाग संपर्क प्रमुख रविंद्र जैन, स्वाध्याय प्रमुख शशांक बजाज, अनीता गुप्ता, नाथूलाल जैन आदि का सहयोग रहा कार्यक्रम में अजमेर नगर के विभिन्न योग वर्गों के साधकों ने भाग लिया।Read More
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:हमें धर्म का मार्ग दिखाते हैं गुरु- मानस भट्टाचार्य
24-Jul-2021
गुरु शब्द दो अक्षरों से मिलकर बना है जिसका अर्थ है अंधकार को हटाकर प्रकाश की ओर ले जाने वाला। गुरु वह है जो अज्ञान का निराकरण करता है अथवा गुरु वह है जो धर्म का मार्ग दिखाता है विश्व में केवल भारत ही ऐसा देश है जिसका गुरुत्व पूरा विश्व मानता है और आज के समय में भी विभिन्न राष्ट्र भारतीय संस्कृति से जुड़ाव और उसके प्रति लगाव, खिंचाव अनुभव करते हैं। मनुष्य में मनुषत्व होना ही गुरुत्व की पहली सीढ़ी होती है ।
उक्त विचार विवेकानंद इंटरनेशनल फाउंडेशन के असिस्टेंट सेक्रेटरी मानस भट्टाचार्य ने अध्यात्म प्रेरित सेवा संगठन विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी, अजमेर विभाग द्वारा 24 जुलाई को ऑनलाइन आयोजित गुरु पूर्णिमा उत्सव के दौरान व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि धर्म का अभ्यास और प्रचार करके उसकी रक्षा करने की आवश्यकता है धर्म का अभ्यास आधा अधूरा नहीं हो सकता सनातन धर्म भारत का जीवन केंद्र है भारत ने हजारों वर्षों से अपने राष्ट्रीय जीवन के माध्यम से यह ज्ञान को समझा विकसित किया उसका अभ्यास किया संरक्षित किया और यहां तक कि इस ज्ञान को समूचे विश्व में पहुंचाया।
भट्टाचार्य ने कहा कि विवेकानंद केंद्र राष्ट्रीय उत्थान के लिए कार्य कर रहा है इस प्रकार ईश्वरीय कार्य कर रहा है ।इस दिव्य कार्य में स्वाभाविक रूप से हमारे गुरु ईश्वर हैं जिन्हें ओमकार के रूप में व्यक्त किया गया है ओंकार सर्व समावेशी है सभी नाम और रूप ओंकार से आते हैं इस प्रकार ईष्वरीय कार्य पूरी दुनिया की भलाई के लिए काम कर रहा है भारत राष्ट्र का चयन इस कार्य के लिए हुआ है। इस प्रकार हम उन दृश्यों की आकाशगंगा देखते हैं जिनका आविर्भाव हमारी भूमि का मार्गदर्शन करने के लिए हुआ था और वह अभी भी जन्म लेते हैं स्वामी विवेकानंद ने अपने भाषण भारत के महापुरुष में इसका विवरण किया है वेदों में वह सब है जो मनुष्य की पूर्णता और स्वतंत्रता प्राप्त करने के लिए आवश्यक है वेद हमारे धर्म व्यक्तित्व विशेष पर प्रतिष्ठित ना होकर सनातन सिद्धांतों पर प्रतिष्ठित हैं समय-समय पर इसे लागू करने में मार्गदर्शन की आवश्यकता अलग-अलग समय और स्थानों के अनुसार होती थी जिसके लिए भारत के हर युग में महान शिक्षक आए वह भारत के ऋषि हैं।
इस अवसर पर प्रशिक्षक प्रमुख डॉ स्वतंत्र कुमार शर्मा ने राम के गुरु वशिष्ट जी भगवान श्री कृष्ण के गुरु सांदीपनि मुनि के गुणों की व्याख्या की।
कार्यक्रम में नगर संचालक डॉ श्याम भूतड़ा ने कहां की गुरु की भूमिका अध्यात्म या धार्मिकता तक ही सीमित नहीं है मनुष्य पर आने वाली प्रत्येक विपदा पर उचित सलाह देकर उन्हें उबरना भी है अर्थात अनादि काल से गुरु ने
शिष्य का हर क्षेत्र में व्यापक एवं समग्रता से मार्गदर्शन किया है । कार्यक्रम का आरंभ तीन ओमकार प्रार्थना से करते हुए कार्यक्रम का संचालन स्वाध्याय प्रमुख शशांक बजाज ने किया।Read More
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Udaipur
:Swami Vivekananda Jayanti
15-Jan-2020 | 10594 Present
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59 Institutes and 4 Universities participated in 2 day long Vivekananda Jayanti Rally. Students of Educational Institutes, staff of different offices, Medical Colleges, Universities welcomed the rally in their institute, Pushpanjali was offered by all of them to Swami Vivekananda's tablo, Songs were played and Brief inforamtion about Swamiji was given to participants.
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Jodhpur
:Samarth Bharat Parva- Vivekananda Jayanti
12-Jan-2020 | 100 Present
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National Youth Day- Swami Vivekananda Jayanti was celebrated at Vivekananda Kendra Kanyakumari Branch Jodhpur, Geeta Bhawan. On this occasion, students of schools and colleges participated in the speech competition. The topic of the Speech Competition was "I Am Bharat". Shri KK Borana, RAS officer and Sah Nagar Pramukh of Vivekananda Kendra Kanyakumari Branch Jodhpur took an interactive session with all the participants.
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Gulabpura
:Vivekananda Jayanti
12-Jan-2020 | 250 Present
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A studets' rally was organised on the occasion of Swami Vivekananda Jayanti at Aguncha Village. A programme was organised at the conclusion point where Parents and well wishers of Kendra also participated.
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Kota
:Vivekananda Jayanti
12-Jan-2020 | 98 Present
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Bharat Mata Pujan and various competitions were organized on the occasion of Swami Vivekananda Jayanti at Shrinathpuram Sanskar Varg in which 50 children and 24 karykartas participated. The Pushpanjali karykram was conducted at the statue of Swami Vivekanand located at Aghora in RTU Kota by 24 karykartas.
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Ajmer
:एक भारत विजयी भारत की संकल्पना के साथ मनाई गई स्वामी विवेकानंद जी की जयंती
12-Jan-2020 | 200 Present
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विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी शाखा अजमेर की ओर से आनासागर चौपाटी पर स्वामी विवेकानंद जयंती समारोह आयोजित किया गया । युवाओं और आम लोगों को स्वामी विवेकानंद जी के उपदेशों और उद्देश्य की जानकारी देने हेतु चित्र प्रदर्शनी आयोजित की गई साथ ही स्वामी जी के साहित्य की स्टाल भी लगाई गई।जयंती समारोह का शुभारंभ तीन ओंकार प्रार्थना एवं स्वामी जी के भजनों के द्वारा किया गया समारोह में विभिन्न साधकों द्वारा विवेकानंद शिला स्मारक कन्याकुमारी की 50 वी वर्षगांठ पर प्रकाशित पुस्तक का वाचन लगातार जारी रहा सभी साधकों द्वारा भुवनमण्डले नवयुगमुदयतु सदा विवेकानन्दमयम् गीत गाकर उत्सव मनाया गया। नगर प्रमुख अखिल शर्मा ने बताया कि चौपाटी स्थित विवेकानंद जी के चित्र पर लोगों द्वारा पुष्पांजलि की गई तथा सैकड़ों युवाओं ने स्वामी जी के चित्र के साथ सेल्फी लेकर अपने आपको स्वामी जी के साथ आत्मसात किया। जयंती समारोह में शामिल हुए लोगों को विवेकानंद केंद्र की ओर से कन्याकुमारी स्थित स्वामी विवेकानंद शिला स्मारक का चित्र एवं पुस्तक भेंट की गई और उन्हें शिला स्मारक निर्माण के लिए देशवासियों द्वारा पूर्व में किए गए योगदान से अवगत कराया गया। इसके अतिरिक्त विवेकानंद विस्तार में संचालित संस्कार वर्ग के बच्चो द्वारा स्वामी विवेकानंद जयंती पर रैली का आयोजन किया जिसमें युवा प्रमुख अंकुर प्रजापति ने मार्गदर्शन किया।
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Jaipur
:Samarth Bharat Parv
25-Dec-2019 to 12-Jan-2020 | 692 Present
Jaipur
:Geeta Jayanti
15-Dec-2019 | 680 Present
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Venue : Sushrut Auditorium, SMS Hospital. Sub: Krishna, The Strategist. Main Speaker : Ma. Nivedita Didi, Chief Guest : Dr. Kalraj Mishra (Hon'ble Governor, Rajasthan)
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:भगवद्गीता का संदेश है युद्ध करो - प्रांजलि येरीकर
08-Dec-2019
प्रत्येक मनुष्य के जीवन में आंतरिक तथा बाहरी युद्ध हो रहा है। इसमें विजयी होने के लिए आज कृष्ण का संदेश देने का कार्य भगवद्गीता ़द्वारा हो सकता है। गीता के द्वारा मोह दूर हो सकता है साथ ही पुरूषार्थ जागरण भी संभव है। गीता का प्रासंगिक संदेश समाजोत्थान के लिए व्यक्ति तटस्थ न होकर आक्रामक बने तभी भारत विजयी हो सकता है। महाभारत के युद्ध में भगवान कृष्ण द्वारा अर्जुन को युद्ध करने के लिए प्रेरित किया जाना केवल धर्म स्थापना ही न होकर अच्छे लोगों के रक्षण तथा दुष्टों के विनाश के लिए भी था। आज समाज में बढ़ती हुई विकृतियों को दूर करने के लिए भले ही हमारे पास कृष्ण न हों किंतु युवाओं के रूप में अर्जुनों की कमी नहीं है। हमें केवल उन्हें संस्कार एवं मूल्य परक शिक्षा देनी होगी जो भगवद्गीता के माध्यम से ही संभव हो सकती है। केवल गीता के अध्ययन से ही यह संभव नहीं होगा बल्कि गीता के संदेश को आचरण में उतारने हेतु युवाओं को प्रशिक्षित करना होगा। समाज को संस्कारवान एवं चरित्रवान युवा देने का कार्य आज विवेकानन्द केन्द्र पूरे भारतवर्ष में कर रहा है। उक्त विचार विवेकानंद केंद्र कीे जीवनव्रती कार्यकर्ता एवं प्रान्त संगठक प्रांजलि येरीकर ने होटल आराम वैशाली नगर में आयोजित गीता जयन्ती महोत्सव के अवसर पर व्यक्त किए।
नगर प्रमुख अखिल शर्मा ने बताया कि इस अवसर पर गीता पर आधारित प्रश्नोत्तरी का संचालन महर्षि दयानन्द सरस्वती विश्वविद्यालय, अजमेर के योग विभाग के डाॅ0 लारा शर्मा ने किया। इस अवसर पर विजेतागण के बालकिशन ईणानी, कुशल उपाध्याय, राधा राठी, समीर शर्मा, को कर्मयोग की पुस्तक नगर संचालक डाॅ0 श्याम भूतड़ा ने भेंट की। डाॅ0 अनिता खुराना ने कर्मयोग श्लोक संग्रह का सस्वर वाचन किया तथा विवेकानन्द केन्द्र की उपाध्यक्ष पद्मश्री निवेदिता भिड़े द्वारा प्रेषित गीता जयन्ती पत्र का वाचन भी हुआ।Read More
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Jaipur
:Sadhana Diwas
24-Nov-2019
"
आज विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी, शाखा जयपुर की ओर से पाथेय भवन, मालवीय नगर में केन्द्र के पांच उत्सवों में से एक साधना दिवस का आयोजन किया गया। यह उत्सव विवेकानन्द केन्द्र के संस्थापक माननीय एकनाथ रानाडे जी के जन्मदिवस (19 नवम्बर) के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।
एकनाथ जी ने अपने सभी कार्यकर्ताओं को सेवा के पथ पर चलने का ध्येय मार्ग दिया है। अतः सभी कार्यकर्ताओं के लिए यह पथ एक साधना के समान है। एकनाथ जी का जीवन स्वयं एक साधना है जिसे उन्होंने कन्याकुमारी में विवेकानन्द शिला स्मारक के रूप में प्रतिपादित किया। शिला स्मारक के निर्माण की सभी बाधाओं को इसी साधना से अवसरों में परिवर्तित किया। साथ स्वामी विवेकानन्द के तीसरे स्वप्न को साकार करते हुए विवेकानन्द केन्द्र की स्थापना की। आज पूरे भारत में एक हजार से अधिक शाखाओं एवं प्रकल्पों के माध्यम से अनेक कार्यकर्ता आध्यात्मिक चेतना से अनुप्राणित हो सेवा के माध्यम से राष्ट्र पुनरुत्थान के पुनीत कार्य में लगे हैं। अतः यह शुभ दिवस केन्द्र के प्रत्येक कार्यकर्ता के लिए साधना दिवस ही है।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः 10:30 पर रुचिका दीदी द्वारा तीन ॐ एवं प्रार्थना के साथ किया गया। इसके बाद विवेकानन्द केन्द्र की जीवनवृत्ति कार्यकर्ता एवं जयपुर विभाग संगठक आ. श्वेता दीदी के साथ सभी ने मिलकर सुन्दर गीत गाया। तत्पश्चात जयपुर विभाग के सम्पर्क प्रमुख आ. महेश जी मोदी ने सुन्दर बौद्धिक के माध्यम से सभी उपस्थित जनों को साधना दिवस के इस उत्सव का महत्व समझाया।
बौद्धिक के पश्चात जयपुर विभाग व्यवस्था प्रमुख आ. अविनाश जी पारीक ने एकनाथ जी का जीवन परिचय दिया। तत्पश्चात विवेकानन्द केन्द्र की जयपुर नगर की माननीया नगर संचालिका डॉ शीला राय ने सभी को एक पत्र का स्वाध्याय करवाया जिसे विवेकानन्द केन्द्र की अखिल भारतीय उपाध्यक्ष माननीया निवेदिता दीदी ने देश भर में सभी कार्यकर्ताओं के नाम प्रेषित किया था। सभी ने मिलकर पत्र का स्वाध्याय एवं मंथन कर अपने परिचय के साथ ॐ, स्वामी विवेकानन्द एवं एकनाथ जी के चित्र के समक्ष पुष्पांजलि अर्पित की।
अंत में शान्ति मंत्र के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
कार्यक्रम में कुल उपस्थिति 48 रही।
विशेष उपस्थिति माननीया डॉ शीला राय (जयपुर नगर संचालिका), माननीय शैलेन्द्र जी भाटिया (जयपुर सह नगर संचालक), सुश्री श्वेता दीदी (जयपुर विभाग संगठक) श्री महेश जी मोदी (जयपुर विभाग सम्पर्क प्रमुख), श्री ओम प्रकाश जी गुप्ता (जयपुर विभाग सह सम्पर्क प्रमुख), श्री अविनाश जी पारीक (जयपुर विभाग व्यवस्था प्रमुख) एवं श्री चेतन प्रकाश जी गोयल (जयपुर नगर प्रमुख) की रही।
कार्यक्रम में विवेकानन्द स्टडी सर्कल के युवा कार्यकर्ताओं का विशेष योगदान रहा। इन सभी के कड़े श्रम से कार्यक्रम सफल रहा।"Read More
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Jodhpur
:Sadhana Diwas
17-Nov-2019 | for Karyakartas
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Vivekananda Kendra Kanyakumari Branch Jodhpur celebrated the Sadhana Diwas. On this occasion, the letter of Ma. Nivedita Didi, Vice President of Vivekananda Kendra Kanykumari was also read. The life character of Ma. Eknathji Ranade, founder of Vivekananda Kendra Kanyakumari and his qualities were discussed.
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Beawar
:साधना दिवस
17-Nov-2019 | 56 Present
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At kendra karyalaya, evening 5 to 6 pm. Function celebrated only with karyakartas.
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Ajmer
:साधना दिवस
17-Nov-2019 | 75 Present
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"किसी भी राष्ट्र के पुनरुत्थान के लिए उसके नागरिकों का लोकसंस्कार जरूरी है। लोकसंस्कार का अर्थ सभी जातियों, वर्ण तथा भिन्नता को दरकिनार करते हुए भारत के उत्थान के लिए संगठित होकर काम करना। जब आपसी मतभेदों को बुलाकर एक वृहद् उद्देश्य की पूर्ति के लिए श्रेष्ठ विचार पर श्रद्धा पूर्वक कार्य करना प्रारंभ किया जाता है तब सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण होता है। परंतु इसके लिए आवश्यक है कि हम बिना किसी पूर्वाग्रह के आगे बढ़ें और अपने उद्देश्य के प्रति स्पष्ट रहें। जीवन में सकारात्मक भाव से सबकुछ प्राप्त किया जा सकता है। एक भारत विजयी भारत संपर्क कार्यक्रम के अवसर पर आयोजित साधना दिवस में विवेकानन्द केन्द्र कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अजमेर दक्षिण कीे विधायक अनिता भदेल ने कहा कि विवेकानन्द शिला स्मारक के 50 वर्ष के अवसर पर संपर्क के लिए एक व्यवस्थित योजना बनाते हुए प्रत्येक भारतवासी के हृदय में व्याप्त स्वामी विवेकानंद के प्रति श्रद्धा और उनके विचारों को प्रचारित करने का यह सुनहरा अवसर है। उन्होंने विवेकानंद केंद्र के संस्थापक एकनाथजी रानडे के बारे में बताया कि एकनाथजी लोकसंपर्क को संगठन की आधारशिला मानते हुए इससे वाणी के परिष्कृत होने की बात कहते थे। इस प्रकार जब संपर्क साधना बन जाता है तब ही साधना दिवस का सही अर्थों में मनाना सार्थक होगा। विवेकानन्द केंद्र के नगर प्रमुख अखिल शर्मा ने बताया एकनाथजी के जन्मदिवस पर आयोजित साधना दिवस को विवेकानंद केंद्र के रामकृष्ण विस्तार में शिवाजी पार्क तथा विवेकानंद विस्तार में भजन गंज योग वर्गों में मनाया गया। इस अवसर योगाभ्यास में आसन, सूर्यनमस्कार तथा विभिन्न खेलों का आयोजन हुआ। इस अवसर पर केंद्र के नगर संचालक डॉ श्याम भूतड़ा, विभाग सह संचालक कुसुम गौतम, विभाग संपर्क प्रमुख रविन्द्र जैन, युवाप्रमुख अंकुर प्रजापति, सह नगर प्रमुख बीना रानी, विस्तार संचालक दिनेश नवाल, विस्तार प्रमुख कुशल उपाध्याय, प्रांत प्रशिक्षण प्रमुख डॉ. स्वतंत्र शर्मा सहित सभी कार्यकर्ताओं का सहयोग रहा। इस अवसर पर विवेकानंद केंद्र की उपाध्यक्ष पद्मश्री निवेदिता भिड़े द्वारा प्रेषित पत्र का वाचन भी किया गया। इस अवसर पर दोनों विस्तारों के 75 लोगों की उपस्थिति थी।"
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Jodhpur
:Universal Brotherhood Day
09-Nov-2019 | 3340 Present
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On the occasion of Universal Brotherhood Day,Students were"informed about the character of Swami Vivekananda by visiting various schools through Vivekananda Kendra Kanyakumari branch Jodhpur. This program was held in 8 schools of Jodhpur. On 11th September a Debate competition was organized at the Vivekananda Kendra Kanyakumari Jodhpur.
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Ajmer
:विश्व बंधुत्व दिवस कार्यक्रम
19-Sep-2019 | 618 Present
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महान आत्माओं का परिचय उनके कार्य से ही पता चलता है। जगत के हित के लिए किया गया कार्य ही आत्मा का मोक्ष होता है। बल संख्या या अर्थ से नहीं आता है बल्कि बल आत्मा से ही आता है। शक्ति का एकमात्र स्रोत आत्मा है। जीवन का पाठ कंठस्थ करने से नहीं बल्कि जीवन में उसे उतारने से याद होता है। स्वामी विवेकानन्द ने ईसाई व इस्लाम का गहन अध्ययन किया। रिलीजन का अनुसाद धर्म नहीं है। भारत का धर्म आध्यात्मिकता है। भारतीय समाज शासक को आदर्श नहीं मानता बल्कि त्यागियों और तपस्वियों को आदर्श मानता है। भारत के केवल दो राष्टीय आदर्श हैं त्याग और सेवा। विश्वधर्म संसद यह मान चुकी थी कि स्वामी विवेकानन्द के सुनने के बाद भारत में धर्म के प्रचार के लिए ईसाई मिशनरी भेजना मूर्खता है। रविन्द्रनाथ टैगौर भारत को जानने के लिए विवेकानन्द के अध्ययन की बात करते थे। पूरी दुनिया भारत को ज्ञान का केन्द्र मानती है क्योंकि भारत में वो युगपुरूष हुए हैं जो दुनिया से अज्ञान की धूल हटाते हैं। उक्त विचार केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने ‘अध्यात्म प्रेरित सेवा संगठन’ विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी के विवेकानन्द शिला स्मारक के 50वें वर्ष में प्रवेश करने के अवसर पर ‘एक भारत विजयी भारत’ संपर्क महाअभियान के दौरान मनाए जाने वाले विश्वबंधुत्व दिवस पर व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि सत्य केवल एक ही है कि दूसरों का हित करना ही पुण्य है और दूसरों का अहित करना ही पाप है। यही भारत के धर्म का निचोड़ है। हमारी संस्कृति ने ही हमें बचा कर रखा है। दुनिया के तमाम बड़े लोग यह मानते हैं कि भारत के ज्ञान की आवश्यकता पूरी दुनिया को है। भारत की भूमि ही दुनिया की सबसे पवित्र और मानव जीवन के लिए सबसे अनुकूल भूमि थी इसीलिए आदम को भारत की धरती पर उतारा गया। मोहम्मद साहब मदीने में बैठकर भी भारत से ज्ञान की ठण्डी हवा के झोंके महसूस करते थे। इस कार्यक्रम में विशिष्ठ अतिथि महापौर धर्मेन्द्र गहलोत ने कहा कि सिद्धांतों को जीवन में उतारने का उदाहरण स्वामी विवेकानन्द का जीवन बताता है। विवेकानन्द ने अपने जीवन में जब कोचवान बनने इच्छा प्रकट की तब उनकी मां ने उनको प्रोत्साहित किया और भगवान कृष्ण के जैसा कोचवान बनने को प्रेरित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रान्त प्रमुख भगवान सिंह ने एक भारत विजयी भारत महासंपर्क अभियान की सार्थकता पर विचार प्रकट किए तथा अखिल भारतीय स्तर पर राष्ट्रवादी विचारवान लोगों का एकत्रीकरण करते हुए भारत को विश्वगुरू की ओर अग्रसर करने का संकल्प व्यक्त किया। नगर प्रमुख अखिल शर्मा ने बताया कि इस अवसर पर राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान द्वारा विवेकानन्द केन्द्र की उपाध्यक्ष पदम्श्री निवेदिता भिड़े द्वारा लिखित पुस्तक हमारे शाश्वत प्रेरणास्रोत का विमोचन भी किया गया। पुस्तक में विवेकानन्द केन्द्र के संस्थापक एकनाथजी द्वारा स्वामी विवेकानन्द के 100 वर्ष पूर्ण होने पर कन्याकुमारी शिला पर स्मारक बनाने की विजयगाथा के रूप में संक्षिप्त वर्णन किया गया है। कार्यक्रम के आयोजन में भारत विकास परिषद् की अजमेर शाखा का सहयोग रहा। कार्यक्रम का संचालन उमेश कुमार चौरसिया ने किया तथा आभार ज्ञापन नगर संचालक डाॅ0 श्याम भूतड़ा ने किया। कार्यक्रम में प्रान्त संघटक प्रांजलि येरीकर प्रान्त प्रशिक्षण प्रमुख डॉ. स्वतंत्र शर्मा प्रान्त संपर्क प्रमुख अशोक खंडेलवाल प्रान्त सह प्रमुख अविनाश शर्मा सहित विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी तथा भारत विकास परिषद् के कार्यकर्ताओं का सहयोग रहा।
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Jaipur
:Universal Brotherhood Day
19-Sep-2019
Venue : Govt. Women's Polytechnic College, JaipurRead More
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Jaipur
:Universal Brotherhood Day
19-Sep-2019
Venue : Govt. Women's Polytechnic College, JaipurRead More
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Beawar
:विश्व बंधुत्व दिवस
11-Sep-2019 | 100 Present
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विवेकानंद केन्द्र शाखा ब्यावर द्वारा *विश्व बंधुत्व दिवस* का कार्यक्रम सनातन धर्म राजकीय महाविद्यालय के प्रांगण में मनाया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य आदरणीय पुखराज जी देपाल एवं केंद्र के प्रान्त व्यवस्था प्रमुख आदरणीय कैलाश नाथ जी ने मूर्ति पर माल्यार्पण किया । महाविद्यालय के प्राचार्य महोदय और आदरणीय कैलाश नाथ जी ने उपस्थित महाविद्यालय के विद्यार्थियों , केन्द्र कार्यकर्ताओं और शुभचिन्तकों को संक्षिप्त में उध्बोधन दिया । श्री मुकेश जी पांडे के द्वारा आभार व्यक्त किये जाने के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। कार्यक्रम में कुल उपस्तिथि लगभग 100 रही।
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Jodhpur
:Geeta Jayanti
12-Aug-2019
Udaipur
:Guru Poornima
23-Jul-2019 | 72 Present
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Guru Poornima Utsav was organised at Mohan Lal Sukhadia Vishwa Vidylaya - Arts College. The chief speaker on the occasion was Dr Parmendra Dashora, Former Vice Chanceller, Kota University. Shri. Dashora ji emphasised on the importance of Guru in life and also stated who is Guru in true sense. the programme was attended by 72 students and staff.
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Beawar
:Guru Purnima
19-Jul-2019 | 140 Present
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In B L Gothi Senior Secondary School. Karyakram Sanchalak Prashant Pabuwal. Speech by Dr Anirudh Sharma
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Jodhpur
:Guru Poornima
16-Jul-2019
Vivekananda Kendra Kanyakumari Branch Jodhpur celebrated the Guru Poornima Utsav. On this occasion, the letter of Ma. Nivedita Didi, Vice President of Vivekananda Kendra Kanykumari was also read. Shri Deepak D. Khaire, Life worker and Hindi Prakashan Vibhag Prakalp Sangathak of Vivekakanda Kendra was the main speaker.Read More
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Ajmer
:गुरु पूर्णिमा
16-Jul-2019 | for Karyakartas
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"दायित्वग्रहण के साथ विवेकानन्द केन्द्र ने मनाई गुरूपूर्णिमा अध्यात्म प्रेरित सेवा संगठन विवेकानन्द केन्द्र ने माहेश्वरी सेवा समिति भवन कृष्णगंज में गुरूपूर्णिमा महोत्सव मनाया। गुरू पर आधारित भजनों के साथ विवेकानन्द केन्द्र की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष निवेदिता भिड़े का संदेश पत्र पढ़कर सुनाया गया। इस अवसर पर विवेकानन्द केन्द्र के दायित्ववान कार्यकर्ताओं ने मनुष्य निर्माण से राष्ट्र पुनरुत्थान के उद्देश्य से दायित्वों को ग्रहण किया। इस अवसर पर वार्षिक प्रतिवेदन का विमोचन भी किया गया। इस अवसर पर प्रान्त संचालक बद्री प्रसाद पंचोली, उमेश कुमार चैरसिया, डाॅ0 स्वतन्त्र शर्मा, डाॅ0 श्याम भूतड़ा, अखिल शर्मा, कुसुम गौतम, सविता शर्मा आदि कार्यकर्ता उपस्थित थे।"
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Bhilwara
:Guru Poornima
16-Jul-2019 | 73 Present
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Since last 2 years Bhilwara branch is honouring few noted persons who work for the society without any expectation. This year branch honoured 15 such Sevavratis. They were presented a memento of Vivekananda Rock Memorial to mark 50th Year Celebration of VRM.
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Rajasthan-Prant
:Utsava Celebration in Prant
01-Apr-2019 to 31-Mar-2020
Guru Poornima was celebrated at 11 places in the prant in which 883 people participated. Bhilwara branch honoured 15 ‘Seva Vratis’ - persons who serve the society without any expectation. Universal Brotherhood Day was organised at 17 places 4495 persons participated in these programmes. Ajmer branch organised a grand programme on this occasion Hon. Governor of Kerala Shri. Arif Mohammad Khan was the chief speaker. Mananeeya Eknathji’s Jayanti , Sadhana Diwas was celebrated at 11 places 283 karyakartas participated and took sankalpa. 1039 people participated in Gita Jayanti utsava organised at 14 places. Samartha Bharat Parva and Swami Vivekananda Jayanti was celebrated with pomp and show at 105 places in which 17864 persons participated throughout the state. Many programmes like Rangoli, Bharat Mata Pujan, Selfie with Swamiji, Sahitya Sangam, Jana Samparka and different competitions were organised on he occasion.Read More
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